Thursday, July 20, 2017

modi ji jaisaa koi nahee

satire
मोदी जी जैसा देश भक्त ,
गरीबों का मसीहा
सादा जीवन उच्च विचार
संस्कारी और सनातनी
बाल ब्रह्मचारी
सत्यभाषी
नापी तुली भाषा का प्रयोग करने वाला
सम्पूर्ण देश को अपना परिवार मानने वाला
५६ इनचेस सीना
परिवार से प्रेम करने वाला
कोई भी नेता या व्यक्ति कम से कम भारत में तो आज तक पैदा नहीं हुआ और नाही भविष्य में कभी होगा इसका मतलब मोदी जी प्रथम और अंतिम व्यक्ति होंगे ऊपर लिखित सर्वगुण सम्पन्न

Wednesday, July 19, 2017

DHARMIK UNMAD

देश में कुछ असामाजिक तत्व हिन्दू और मुस्लिम दोनों को ही भड़काने ,लड़ाने में  प्रयत्नशील हैं ,कभी हिन्दुओं पर तो कभी मुस्लिमों पर या कभी दलितों पर छींटाकशी की जा रही हैं जिसका परिणाम अच्छा नहीं होगा और जिस दिन कुछ बुरा होगा या होने लगेगा उस वक्त ये सभी लोग चूहे की भांति अपने बिलों में घुस जाएंगे और देश का माहौल ख़राब हो जाएगा हम लोगों में से किसि का कोईं ना कोई नुक्सान या फिर सरकारी नुक्सान क्योँकि शैतान तो लगभग सभी स्थानों  में सभी धर्मों में मिल जाएंगे जो की यमराज की भांति इसी ताल में लगे रहते हैं कि  कहीं कुछ हो और वो अपने हाथ सेंके,
तो भाइयों ऐसा काम मत करो ताकि देश में बद्मिनी फैले   

OPPOSITION NE G S T KA VIRODH NAHIN KIYA

देश में जी एस टी को गरीब जनता पर,  जितनी  मोदी सरकार जिम्मेदार है उससे कहीं ज्यादा देश की सभी पार्टियां जिम्मेदार हैं क्योँकि लगभग सभी पार्टीज में से किसी ने भी इसको लगाने का पूर्णत; विरोध नहीं किया देश में विपक्षी पार्टीज में से एक दो को छोड़कर सभी की हाँ थी ,कोई विरोध नहीं था विरोध का मतलब होता है जिस प्रकार से यु पी ऐ के कार्यकाल में अल्पमत में होते हुए भी भाजपा ने जी एस टी को देश में लगने ही नहीं दिया परन्तु आज देश की लगभग  १ ८ पार्टीज मिलकर भीम कुछ ना कर सकी और जनता को एक नए बोझ में दब जाने दिया  ,शायद ये पार्टीज सोच रही होंगे की भाजपा तो २ साल की है उसके बाद तो वो खुद ही देश को लूटेंगे  |
और अब जब जी एस टी पारित हो गया है तो कुछ पार्टीज मात्र नाटकबाजी कर रहीं है ताकि जनता को भुनाया जा सके ,परन्तु ये जनता है की सब कुछ जानती है |  
२०१९ में जीतना है तो

२०१९ में यदि मोदी जी दोबारा प्रधानमंत्री बनना चाहते हैं तो उनको बस एक काम करना पडेगा ,
उनको चाहिए कि वो चुनावों में केवल सरकारी कर्मचारियों और वो भी केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वोट डलवाएं क्योँकि  से देश में बस सरकारी कर्मचारी ही रहते हैं इसलिए वो उनपर ही मेहरबान हैं ,आये दिन उनकी तनखायें बढ़ती रहती हैं और अब तो मोदी जी की कृपा से देश में सभी न्यायालयों के जजों की सैलरी भी सीधे ही ९० हजार से बढ़ाकर २लाख ५०हजार करने जा रहे हैं
यदि वो ऐसा करते हैं तो उनको  ई वी एम्  की भी जरूरत नहीं पड़ेगी ,उनको बस एक कानून पास कराना है और वहां उनकी मेजोरिटी है ही और अब तो मुहर लगाने के लिए आदरणीय राष्ट्रपति भी उन ही के होंगे
अंत में मोदी जी से हाथ  जोड़कर प्रार्थना है की ज़रा वो अपनी नजर घूमकर आम जनता को भी देख लें वैसे देख तो रहे ही हैं परन्तु उनका तो वो खून की आखिरी बून्द भी निचोड़ लेनी चाहते हैं|  

G S T SE TRAHI TRAHI

जी एस टी के कारण आज सम्पूर्ण देश में महंगाई के कारण त्राहि त्राहि मच रही है ,दवाई वालों के पास जाओ तो दवाई नहीं है ,कपडे वाले के पास जाओ तो कपडे नहीं यदि हैं भी तो बहुत महँगे हैं जो शर्ट जून माह में ८५० रूपये की थी वो अब १२०० रूपये में मिल रही है आटा  दाल सब्जियां सभी में आग लगी हुई है ,
दुकानदारों से बात करो तो कोई सीधे मुंह बात ही नहीं करता क्योँकि उनके पास स्टॉक नहीं है और पीछे से जो माल आ रहा है वो बेइंतहा महंगा है ,दुसरे वो कहते हैं हमको जी एस टी की रागमाला समझ ही नहीं आ रही ,कुछ लोग तो अपनी दुकाने बंद करने पर ही तुले हुए हैं ,
अब तो जनता खुद को खुद ही लुटा पता समझ रही है ,जनता पर बहुत भरी बोझ है जी एस टी का ,
जेटली जी जिस जनता को आज आप लूट रहे हो कल को ये ही जनता वोट देगी बस ये बात याद रखना | 
जिस मकां में महफूज थे अब तक
आज वो खौफ जदा हो गया है
अब क्या पत्थरों पर मत्था मारें
जिसे पैदा किया,वो ही बेवफा हों  गया है 

Tuesday, July 18, 2017

दिन में कई कई बार
कपडे बदलने से ही
कोई अच्छा नहीं बन जाता,
मात्र लंगोटी  में रहकर
जो अच्छा काम करतें हैं
उनको लोग महात्मा कहते हैं |